Site icon Post4india

दिल्ली ब्लास्ट का खौफनाक खुलासा: धमाके के दो दिन बाद 300 मीटर दूर टीन शेड पर मिला इंसान का कटा हाथ

धमाके के दो दिन बाद 300 मीटर दूर टीन शेड पर मिला इंसान का कटा हाथ

नई दिल्ली।
राजधानी दिल्ली में हुए भयानक धमाके के दो दिन बाद एक और चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है। जांच एजेंसियों ने लाल किले के सामने स्थित न्यू लाजपत राय मार्केट की एक दुकान के टीन शेड पर एक इंसान का कटा हुआ हाथ बरामद किया है। माना जा रहा है कि यह शरीर का हिस्सा धमाके की तीव्रता के कारण उड़कर वहां जा गिरा था। इस खोज ने दिल्ली ब्लास्ट केस में जांच को और गहराई तक पहुंचा दिया है।


लाल किले के पास हुए ब्लास्ट के बाद नया सुराग

10 नवंबर 2025 को लाल किले के सामने हुए भीषण विस्फोट ने पूरे देश को हिला दिया था। इस धमाके में अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 30 से अधिक लोग घायल हैं। मरने वालों में 9 आम नागरिक, 1 आतंकी डॉक्टर उमर मोहम्मद, और हाल ही में दम तोड़ने वाला बिलाल शामिल है, जो पहले वेंटिलेटर पर था।

जांच एजेंसियों ने पहले ही घटनास्थल से कई मानव अवशेष बरामद किए थे, जिनमें से कुछ की पहचान डीएनए जांच के जरिए की गई है। लेकिन अब, धमाके के दो दिन बाद 300 मीटर दूर एक टीन शेड पर मिला कटा हुआ हाथ फिर से जांच को जटिल बना रहा है।


न्यू लाजपत राय मार्केट में फैली दहशत

न्यू लाजपत राय मार्केट दिल्ली के चांदनी चौक इलाके में लाल किले के ठीक सामने स्थित एक प्रसिद्ध इलेक्ट्रॉनिक्स मार्केट है। यहां देशभर से व्यापारी सस्ते दामों पर इलेक्ट्रॉनिक आइटम्स, मोबाइल एक्सेसरीज़ और गैजेट्स खरीदने आते हैं।
धमाके के बाद यह बाजार कई दिनों तक बंद रहा। अब धीरे-धीरे दुकानें खुल रही हैं, लेकिन दहशत अभी भी बरकरार है।

आज सुबह जब कुछ दुकानदार अपने शटर खोलने पहुंचे, तो उन्हें एक दुकान के ऊपर बने टीन शेड पर कुछ संदिग्ध दिखा। सूचना मिलने पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच में पता चला कि वह इंसान का कटा हुआ हाथ था।


डीएनए से होगी पहचान की पुष्टि

दिल्ली पुलिस ने इस मानव अवशेष को फॉरेंसिक टीम को सौंप दिया है। अब इसकी डीएनए जांच कराई जाएगी ताकि यह पता चल सके कि यह हाथ किसका है।
जांच टीम का कहना है कि धमाके की ताकत इतनी अधिक थी कि शव के टुकड़े दूर-दूर तक बिखर गए। इसलिए इलाके में लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है ताकि कोई भी सबूत या बॉडी पार्ट छूट न जाए।


तीसरी कार की तलाश में जुटी एजेंसियां

इस बीच पुलिस और जांच एजेंसियां एक तीसरी संदिग्ध कार की तलाश कर रही हैं।
धमाके में इस्तेमाल हुई पहली कार सफेद हुंडई i20 थी, जिसमें ब्लास्ट हुआ।
इसके अलावा, जांचकर्ताओं ने दूसरी कार — लाल रंग की फोर्ड इकोस्पोर्ट — को फरीदाबाद में बरामद किया है।
अब एजेंसियां तीसरी कार — मारुति ब्रेज़ा — की तलाश कर रही हैं, जिसे आरोपियों ने रेकी या भागने के लिए इस्तेमाल किया होने की आशंका है।

सूत्रों के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर और आसपास के राज्यों में ब्रेज़ा की तलाश में कई विशेष टीमें तैनात की गई हैं।


आतंकी डॉक्टर उमर मोहम्मद की हुई थी पहचान

जांच में खुलासा हुआ कि धमाके के दौरान कार चला रहा आतंकी डॉ. उमर मोहम्मद ही था।
धमाके के बाद कार के टुकड़ों में उसका डीएनए सैंपल मिला, जिसकी तुलना उसकी मां से लिए गए सैंपल से की गई।
दोनों सैंपल मैच होने के बाद यह पुष्टि हो गई कि वही इस फिदायीन हमले का मुख्य आरोपी था।


दिल्ली पुलिस और एजेंसियों के सामने बड़ी चुनौती

अब पुलिस के सामने दो प्रमुख चुनौतियाँ हैं —

  1. मिले हुए बॉडी पार्ट्स की पहचान स्थापित करना।

  2. तीसरी कार और उसमें सवार लोगों का पता लगाना।

फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम इलाके से साक्ष्य जुटा रही है।
दिल्ली पुलिस ने न्यू लाजपत राय मार्केट, लाल किले के आसपास और चांदनी चौक के कई हिस्सों में सर्च ऑपरेशन को तेज कर दिया है।


निष्कर्ष

दिल्ली ब्लास्ट की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, नए-नए खुलासे सामने आ रहे हैं।
कटे हुए हाथ की बरामदगी ने इस केस को और पेचीदा बना दिया है। जांच एजेंसियां अब इस बात की तह तक जाने में जुटी हैं कि धमाके में शामिल सभी लोग कौन थे और उनका नेटवर्क कितना फैला हुआ है।

यह भी पढ़ें:   मरीज बनकर ठगों ने डॉक्टर को लगाया 2.5 लाख का चूना, UPI यूजर्स रहें सावधान – जानें कैसे करें बचाव

Exit mobile version