आगरा में देर रात तीन मुठभेड़, पुलिस का बड़ा एक्शन
उत्तर प्रदेश के आगरा में हुए राज चौहान हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस और बदमाशों के बीच हुई तीन अलग-अलग मुठभेड़ों में मुख्य आरोपी अरबाज खान उर्फ मंसूरी मारा गया, जबकि दो अन्य इनामी आरोपी आशु तिवारी और मोहित पंडित गोली लगने से घायल हो गए। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इन मुठभेड़ों के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं, जिनका इलाज चल रहा है।
23 जनवरी को हुई थी राज चौहान की हत्या
बताया गया कि 23 जनवरी को आगरा में राज चौहान की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद से ही आरोपी फरार चल रहे थे। मामले के खुलासे और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 9 विशेष टीमें गठित की थीं।
तीनों आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
कैसे हुई मुठभेड़?
पुलिस को इनपुट मिलने के बाद थाना ट्रांस यमुना और थाना डौकी क्षेत्र में घेराबंदी की गई। खुद को घिरा देख आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की।
इस दौरान:
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अरबाज खान गंभीर रूप से घायल हुआ और अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई
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आशु तिवारी और मोहित पंडित के पैर में गोली लगी
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दोनों को एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा में भर्ती कराया गया
पुलिस अधिकारियों का बयान
आगरा पुलिस आयुक्त दीपक कुमार के निर्देश पर डीसीपी सिटी अली अब्बास के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार, मुठभेड़ के दौरान आरोपियों के पास से तमंचा, जिंदा कारतूस, खोखा और एक मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि:
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मोहित पंडित को चेकिंग के दौरान मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया
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आशु तिवारी को थाना डौकी पुलिस ने मुठभेड़ में दबोचा
अब भी जारी है जांच
पुलिस का कहना है कि इस हत्याकांड में कुछ और लोगों की भूमिका सामने आई है, जिन्हें चिन्हित कर लिया गया है। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
अधिकारियों के मुताबिक, पूरे मामले की कानूनी और तकनीकी जांच जारी है और जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
निष्कर्ष
राज चौहान हत्याकांड में आगरा पुलिस की यह कार्रवाई अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश मानी जा रही है। मुख्य आरोपी के मारे जाने और दो अन्य की गिरफ्तारी से मामले का बड़ा हिस्सा सुलझ गया है। पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।