राजधानी दिल्ली में आज सुबह बड़ी सुरक्षा हलचल देखने को मिली, जब दिल्ली यूनिवर्सिटी के दो प्रमुख कॉलेजों—रामजस कॉलेज और देशबंधु कॉलेज—को ईमेल के जरिए बम धमकी भेजी गई। धमकी मिलते ही दिल्ली पुलिस, बम स्क्वाड और डॉग स्क्वाड की टीमें तुरंत कैंपस में पहुंचीं और पूरे परिसर की तलाशी शुरू कर दी।
ईमेल के जरिए मिली धमकी
अधिकारियों के अनुसार, सुबह दिल्ली यूनिवर्सिटी प्रशासन को एक संदिग्ध ईमेल प्राप्त हुआ, जिसमें दोनों कॉलेजों को बम से उड़ाने की बात लिखी गई थी। संदेश पढ़ते ही इसे गंभीरता से लेते हुए पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही दिल्ली पुलिस, बम स्क्वाड और डॉग स्क्वाड की विशेष टीमें रामजस कॉलेज और देशबंधु कॉलेज पहुंचीं। दोनों कॉलेजों के अंदर और आसपास सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया।
कैंपस में तेजी से शुरू हुआ सर्च ऑपरेशन
सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत कॉलेजों के कुछ हिस्सों को खाली कराया गया। विद्यार्थियों और कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया। टीमों ने:
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कक्षाओं
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लैब
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प्रशासनिक भवन
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पार्किंग क्षेत्रों
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कॉलेज कैंपस के बाहरी हिस्सों
की गहन जांच की।
अभी तक की तलाशी में कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है।
पुलिस ने कहा—जांच जारी, खतरा फिलहाल नहीं
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्राइमरी जांच में ईमेल संदिग्ध लग रहा है, लेकिन इसे पूरी तरह फर्जी कहने से पहले गहन जांच जारी रहेगी। अधिकारी ने कहा—
“अब तक किसी भी कॉलेज में कोई विस्फोटक सामग्री नहीं मिली है। हालांकि, खतरे की प्रकृति का पता लगाने के लिए तकनीकी जांच की जा रही है।”
दिल्ली में लगातार बढ़ रही फर्जी बम धमकियों की घटनाएँ
दिल्ली में पिछले कुछ महीनों में बम धमकी के कई फर्जी ईमेल सामने आए हैं। इससे सुरक्षा एजेंसियां लगातार अलर्ट पर रहती हैं।
हाल ही की धमकी: CRPF स्कूल और कोर्ट परिसर
18 नवंबर को दिल्ली के द्वारका और प्रशांत विहार स्थित CRPF स्कूलों को ईमेल के माध्यम से इसी तरह की धमकी मिली थी। उसी ईमेल में साकेत कोर्ट, रोहिणी कोर्ट और पटियाला हाउस कोर्ट को भी निशाना बनाए जाने की बात लिखी गई थी।
उस मामले में:
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स्कूलों को खाली कराया गया
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बम स्क्वाड और डॉग स्क्वाड ने तलाशी ली
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परिसर की पूरी सुरक्षा जांच की गई
लेकिन वहां भी कुछ संदिग्ध नहीं मिला।
बार-बार हो रही बम धमकियों से बढ़ी चिंता
हालांकि अभी तक अधिकतर धमकियाँ फर्जी साबित हुई हैं, लेकिन इससे:
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छात्रों
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अभिभावकों
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कॉलेज प्रशासन
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सुरक्षा एजेंसियों
में लगातार तनाव की स्थिति बनी रहती है। पुलिस का कहना है कि ऐसी धमकियाँ केवल दहशत फैलाने के उद्देश्य से भेजी जाती हैं, लेकिन हर ईमेल को गंभीरता से जांचना जरूरी है।
पुलिस की तकनीकी टीम जांच में जुटी
दिल्ली पुलिस की साइबर टीम अब उस ईमेल की पहचान में जुट गई है, जिससे धमकी भेजी गई। तकनीकी जांच में यह पता लगाया जाएगा कि:
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ईमेल किस डिवाइस से भेजा गया
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क्या इसमें VPN या प्रॉक्सी का इस्तेमाल हुआ
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क्या इसका संबंध किसी पुराने मामले से है
जांच एजेंसियां सर्वर लॉग और IP विवरण की भी जांच कर रही हैं।
परिसर सुरक्षित, लेकिन सतर्कता जारी
अब तक दोनों कॉलेज सुरक्षित पाए गए हैं। पुलिस ने कहा है कि भयभीत होने की जरूरत नहीं है, लेकिन सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत कुछ घंटे तक निगरानी जारी रहेगी।
रामजस और देशबंधु कॉलेज के स्टाफ को भी सलाह दी गई है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत रिपोर्ट करें।
निष्कर्ष
दिल्ली यूनिवर्सिटी के दो कॉलेजों को मिली बम धमकी फिलहाल फर्जी लग रही है, लेकिन जांच पूरी होने तक पुलिस सतर्क है। हाल के महीनों में लगातार ऐसी धमकियाँ मिलने से संसद, कोर्ट, स्कूल और कॉलेज जैसे महत्वपूर्ण स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था और सख्त की जा रही है।

